क्या जाप बीच में रोक सकते हैं?
हाँ। "रोकें" दबाकर जाप रोक दें और "जारी रखें" से वहीं से आगे बढ़ें। पेज बंद हो जाए तब भी अधूरी गिनती इसी ब्राउज़र में सहेजी रहती है, और अगली बार पेज खोलने पर वहीं से जारी रख सकते हैं।
गिनती भूल जाएँ तो क्या करें?
यहाँ गिनती काउंटर रखता है, इसलिए गिनती याद रखने की ज़रूरत नहीं। माला से जाप कर रहे हों और गिनती छूट जाए, तो परंपरा में कम मानकर फिर से गिनने का चलन है; मन को शांत रखकर आगे बढ़ें।
ऑडियो के साथ जाप कैसे करें?
"ऑडियो के साथ" चुनकर जाप शुरू करें। हर बार पूरा मंत्र बजने पर गिनती एक बढ़ती है। साथ-साथ धीमे स्वर में या मन में मंत्र दोहराते रहें। यह गिनती ऑडियो के दोहराव की है; आपने स्वयं कितनी बार बोला, यह गिनती उसका प्रमाण नहीं है।
स्वयं जाप करते समय गिनती कैसे बढ़ाएँ?
"स्वयं जाप करें" चुनें और हर बार मंत्र पूरा करने पर "एक जाप पूरा" बटन दबाएँ। कंप्यूटर पर स्पेस बार से भी गिनती बढ़ती है।
क्या जाप के लिए माला ज़रूरी है?
नहीं। माला गिनती रखने का एक पारंपरिक साधन है। बिना माला के उँगलियों पर, या यहाँ के जाप काउंटर से भी गिनती रख सकते हैं।
क्या बिना दीक्षा के जाप कर सकते हैं?
भक्ति परंपरा में भगवान का नाम-जाप और नमन के मंत्र सबके लिए खुले माने जाते हैं। कुछ परंपराओं में बीज मंत्र गुरु से दीक्षा लेकर जपे जाते हैं; उसके लिए अपनी परंपरा या गुरु की सलाह मानें।
जाप करते समय मन भटके तो क्या करें?
मन का भटकना स्वाभाविक है। जैसे ही ध्यान आए, बिना खुद को दोष दिए फिर से मंत्र और उसके अर्थ पर लौट आएँ। धीमी गति और मंत्र का अर्थ याद रखना इसमें मदद करता है।