पूजा विधि

घर में की जाने वाली पूजा की सरल और साफ़ विधियाँ: कौन-सी सामग्री ज़रूरी है और किसका विकल्प है, संकल्प, हर चरण में क्या और कैसे करें, कौन-सा पाठ पढ़ें, और समय कम हो तो छोटी विधि।

हर भगवान की पूजा उनकी अपनी परंपरा से लिखी गई है। वैदिक, मंदिर या दीक्षा वाली विधियाँ यहाँ घर की पूजा के रूप में नहीं दी गई हैं।

भगवान के अनुसार

सभी पूजा विधियाँ (१५)

शिव और उनके रूप

शिव

शिव पूजा विधि

शिव · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

घर में रोज़ और सोमवार को शिव जी की सरल पूजा: जल अर्पण, बेलपत्र, दीपक, "ॐ नमः शिवाय", आरती और आधी परिक्रमा, हर सामग्री के विकल्प के साथ।

शिव

महाशिवरात्रि पूजा विधि

शिव · पूजा विधि · त्योहार की पूजा

महाशिवरात्रि पर घर में शिव पूजा: सुबह संकल्प, सेहत के अनुसार व्रत, रात में एक बार या चारों पहर की पूजा, जागरण, निशीथ काल और अगली सुबह पारण।

देवी

लक्ष्मी

लक्ष्मी पूजा विधि

लक्ष्मी · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

शुक्रवार को घर में माँ लक्ष्मी की सरल पूजा: सफ़ाई, घी का दीपक, कमल या लाल फूल, कुमकुम, खीर या मिश्री का भोग, लक्ष्मी मंत्र, आरती और प्रार्थना।

दुर्गा

दुर्गा पूजा विधि

दुर्गा · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

नवरात्रि में घर पर रोज़ माँ दुर्गा की पूजा: दीपक या अखंड ज्योति, कलश, लाल चुनरी, लाल फूल, कुमकुम, दिन की देवी का स्मरण, पाठ, आरती और कन्या पूजन।

लक्ष्मी

दीपावली लक्ष्मी-गणेश पूजा विधि

लक्ष्मी · पूजा विधि · त्योहार की पूजा

दीपावली की शाम घर में लक्ष्मी-गणेश पूजा: सफ़ाई, प्रदोष काल का समय, चौकी सजाना, गणेश पूजन, लक्ष्मी पूजन, दीपमालिका, बही-खाता, तिजोरी और आरती।

सरस्वती

सरस्वती पूजा विधि

सरस्वती · पूजा विधि · त्योहार की पूजा

वसंत पंचमी पर घर में माँ सरस्वती की पूजा: पीले फूल, किताबें और वाद्य माँ के सामने, बच्चों का विद्यारंभ, मंत्र, आरती और प्रसाद, सरल विकल्पों के साथ।

विष्णु और उनके रूप

विष्णु

विष्णु पूजा विधि

विष्णु · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

घर में भगवान विष्णु की सरल पूजा: तुलसी के साथ पंचोपचार, गुरुवार और एकादशी की रीत, मंत्र, आरती और क्षमा प्रार्थना, हर सामग्री के विकल्प के साथ।

राम परिवार

हनुमान

हनुमान पूजा विधि

हनुमान · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

मंगलवार और शनिवार को घर में हनुमान जी की सरल पूजा: राम नाम, दीपक, लाल फूल, सिंदूर का तिलक, गुड़-चने का भोग, हनुमान चालीसा और आरती।

राम

श्री राम पूजा विधि

राम · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

घर में श्री राम और राम दरबार की सरल पूजा: ध्यान, तुलसी, भोग, राम-नाम जप, रामचरितमानस पाठ, आरती और क्षमा प्रार्थना, हर सामग्री के विकल्प के साथ।

कृष्ण परंपरा

कृष्ण

जन्माष्टमी पूजा विधि

कृष्ण · पूजा विधि · त्योहार की पूजा

घर में जन्माष्टमी की पूजा: दिन का व्रत, आधी रात को श्री कृष्ण के जन्म पर पंचामृत अभिषेक, पालना, भोग, आरती और पारण, हर सामग्री के विकल्प के साथ।

बाल गोपाल

लड्डू गोपाल की सेवा विधि

बाल गोपाल · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

घर में लड्डू गोपाल की रोज़ की सेवा, बालक की तरह: जगाना, स्नान, शृंगार, दिन भर के भोग, आरती और शयन, सरल विकल्पों और परंपराओं के अंतर के साथ।

अन्य देवता

गणेश

गणेश पूजा विधि

गणेश · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

घर में गणेश जी की सरल पूजा: बारह नामों से स्मरण, दूर्वा, लाल फूल, सिंदूर, मोदक या लड्डू का भोग, आरती और तीन परिक्रमा। बुधवार, चतुर्थी और हर शुभ काम से पहले।

नवग्रह

शनि

शनि देव पूजा विधि

शनि · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

शनिवार को शनि देव की सरल पूजा: सरसों के तेल का दीपक, काले तिल और उड़द, पीपल की परंपरा, मंत्र, आरती, और सबसे बढ़कर सेवा और दान।

सूर्य

सूर्य को अर्घ्य देने की विधि

सूर्य · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

रोज़ सुबह सूर्य देव को जल देने की सरल विधि: लोटा, सूर्योदय का समय, गिरती धार, अर्घ्य का मंत्र और सूर्य के बारह नाम; सूर्य को सीधे न देखने की सावधानी के साथ।

पवित्र नदियाँ और तुलसी

तुलसी

तुलसी पूजा विधि

तुलसी · पूजा विधि · रोज़ की पूजा

घर में तुलसी की रोज़ की पूजा: सुबह जल, परिक्रमा, शाम का दीपक, नामाष्टक और आरती; पत्ते तोड़ने के नियम, कार्तिक मास और तुलसी विवाह की बातों के साथ।

वेबसाइट पर और

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

घर पर पूजा की सबसे सरल विधि क्या है?

स्नान के बाद साफ़ जगह पर भगवान का चित्र रखें, दीपक जलाएँ, जल, फूल और जो भोग हो वह अर्पित करें, नाम-मंत्र का जाप करें, आरती करें और क्षमा माँगें। हर पूजा विधि के पेज पर ऐसी छोटी विधि अलग से दी गई है।

अगर कोई सामग्री न हो तो क्या पूजा अधूरी रहती है?

नहीं। इन पेजों पर हर सामग्री के साथ लिखा है कि वह आवश्यक है, वैकल्पिक है या किसी परंपरा-विशेष की है, और उसका विकल्प क्या है। मन का भाव और श्रद्धा पूजा का मूल माने जाते हैं।

पंचोपचार और षोडशोपचार पूजा में क्या अंतर है?

पंचोपचार में पाँच उपचार होते हैं: गंध, पुष्प, धूप, दीप और नैवेद्य। षोडशोपचार में सोलह उपचार होते हैं, जिनमें आवाहन, आसन, स्नान, वस्त्र आदि भी शामिल हैं। रोज़ की पूजा के लिए पंचोपचार पर्याप्त माना जाता है।

क्या ये विधियाँ किसी पुरोहित की पूजा की जगह ले सकती हैं?

ये घर की सरल पूजा के लिए हैं। रुद्राभिषेक, यज्ञ, गृह-प्रवेश या दीक्षा वाली विधियाँ किसी जानकार आचार्य से ही करवानी चाहिए; ऐसे पेजों पर यह साफ़ लिखा है।