अगली संकष्टी चतुर्थी19 दिन बाद
वक्रतुंड संकष्टी चतुर्थी
कार्तिक कृष्ण चतुर्थी
- तिथि शुरू
- 29 अक्टूबर, 1:07 AM
- तिथि समाप्त
- 29 अक्टूबर, 10:10 PM
- चंद्रोदय
- 8:17 PM
अगली संकष्टी चतुर्थी वक्रतुंड संकष्टी चतुर्थी है, जो 29 अक्टूबर 2026, गुरुवार को है। चतुर्थी तिथि 29 अक्टूबर, 1:07 AM से 29 अक्टूबर, 10:10 PM तक रहेगी। चंद्रोदय 8:17 PM पर है। नीचे 2026 और 2027 की सभी तारीख़ें दी गई हैं।
अगली संकष्टी चतुर्थी19 दिन बाद
कार्तिक कृष्ण चतुर्थी
| तारीख़ | व्रत | मास और पक्ष | तिथि | चंद्रोदय |
|---|---|---|---|---|
| 6जनवरीमंगलवार | लंबोदर संकष्टी चतुर्थीसकट चौथअंगारकी संकष्टी | माघ कृष्ण अमांत: पौष | 6 जनवरी, 8:01 AM से 7 जनवरी, 6:52 AM तक | 8:59 PM |
| 5फ़रवरीगुरुवार | द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी | फाल्गुन कृष्ण अमांत: माघ | 5 फ़रवरी, 12:09 AM से 6 फ़रवरी, 12:22 AM तक | 9:39 PM |
| 6मार्चशुक्रवार | भालचंद्र संकष्टी चतुर्थी | चैत्र कृष्ण अमांत: फाल्गुन | 6 मार्च, 5:53 PM से 7 मार्च, 7:17 PM तक | 9:18 PM |
| 5अप्रैलरविवार | विकट संकष्टी चतुर्थी | वैशाख कृष्ण अमांत: चैत्र | 5 अप्रैल, 11:59 AM से 6 अप्रैल, 2:10 PM तक | 9:59 PM |
| 5मईमंगलवार | एकदंत संकष्टी चतुर्थीअंगारकी संकष्टी | ज्येष्ठ कृष्ण अमांत: वैशाख | 5 मई, 5:24 AM से 6 मई, 7:52 AM तक | 10:35 PM |
| 3जूनबुधवार | विभुवन संकष्टी चतुर्थी | अधिक ज्येष्ठ कृष्ण | 3 जून, 9:21 PM से 4 जून, 11:30 PM तक | 10:04 PM |
| 3जुलाईशुक्रवार | कृष्णपिंगल संकष्टी चतुर्थी | आषाढ़ कृष्ण अमांत: ज्येष्ठ | 3 जुलाई, 11:20 AM से 4 जुलाई, 12:40 PM तक | 9:53 PM |
| 2अगस्तरविवार | गजानन संकष्टी चतुर्थी | श्रावण कृष्ण अमांत: आषाढ़ | 1 अगस्त, 11:07 PM से 2 अगस्त, 11:16 PM तक | 9:25 PM |
| 31अगस्तसोमवार | हेरंब संकष्टी चतुर्थीबहुला चतुर्थी | भाद्रपद कृष्ण अमांत: श्रावण | 31 अगस्त, 8:51 AM से 1 सितंबर, 7:42 AM तक | 8:29 PM |
| 29सितंबरमंगलवार | विघ्नराज संकष्टी चतुर्थीअंगारकी संकष्टी | आश्विन कृष्ण अमांत: भाद्रपद | 29 सितंबर, 5:10 PM से 30 सितंबर, 2:55 PM तक | 7:44 PM |
| 29अक्टूबरगुरुवार | वक्रतुंड संकष्टी चतुर्थीकरवा चौथ | कार्तिक कृष्ण अमांत: आश्विन | 29 अक्टूबर, 1:07 AM से 29 अक्टूबर, 10:10 PM तक | 8:17 PM |
| 27नवंबरशुक्रवार | गणाधिप संकष्टी चतुर्थी | मार्गशीर्ष कृष्ण अमांत: कार्तिक | 27 नवंबर, 9:50 AM से 28 नवंबर, 6:40 AM तक | 8:18 PM |
| 26दिसंबरशनिवार | अखुरथ संकष्टी चतुर्थी | पौष कृष्ण अमांत: मार्गशीर्ष | 26 दिसंबर, 8:05 PM से 27 दिसंबर, 5:13 PM तक | 8:18 PM |
सभी तारीख़ें और समय दिल्ली के लिए भारतीय समय (IST) में हैं। दूसरे शहरों में सूर्योदय और चंद्रोदय का समय अलग होता है, इसलिए कभी-कभी व्रत का दिन भी एक दिन आगे-पीछे हो जाता है; समय में कुछ मिनट का अंतर भी हो सकता है।
| तारीख़ | व्रत | मास और पक्ष | तिथि | चंद्रोदय |
|---|---|---|---|---|
| 25जनवरीसोमवार | लंबोदर संकष्टी चतुर्थीसकट चौथ | माघ कृष्ण अमांत: पौष | 25 जनवरी, 8:09 AM से 26 जनवरी, 5:59 AM तक | 9:16 PM |
| 24फ़रवरीबुधवार | द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी | फाल्गुन कृष्ण अमांत: माघ | 23 फ़रवरी, 9:48 PM से 24 फ़रवरी, 8:39 PM तक | 10:04 PM |
| 25मार्चगुरुवार | भालचंद्र संकष्टी चतुर्थी | चैत्र कृष्ण अमांत: फाल्गुन | 25 मार्च, 12:37 PM से 26 मार्च, 12:43 PM तक | 9:49 PM |
| 24अप्रैलशनिवार | विकट संकष्टी चतुर्थी | वैशाख कृष्ण अमांत: चैत्र | 24 अप्रैल, 4:21 AM से 25 अप्रैल, 5:42 AM तक | 10:32 PM |
| 23मईरविवार | एकदंत संकष्टी चतुर्थी | ज्येष्ठ कृष्ण अमांत: वैशाख | 23 मई, 8:41 PM से 24 मई, 10:59 PM तक | 10:04 PM |
| 22जूनमंगलवार | कृष्णपिंगल संकष्टी चतुर्थीअंगारकी संकष्टी | आषाढ़ कृष्ण अमांत: ज्येष्ठ | 22 जून, 1:07 PM से 23 जून, 3:42 PM तक | 9:57 PM |
| 22जुलाईगुरुवार | गजानन संकष्टी चतुर्थी | श्रावण कृष्ण अमांत: आषाढ़ | 22 जुलाई, 4:46 AM से 23 जुलाई, 6:56 AM तक | 9:28 PM |
| 20अगस्तशुक्रवार | हेरंब संकष्टी चतुर्थीबहुला चतुर्थी | भाद्रपद कृष्ण अमांत: श्रावण | 20 अगस्त, 6:54 PM से 21 अगस्त, 8:05 PM तक | 8:27 PM |
| 19सितंबररविवार | विघ्नराज संकष्टी चतुर्थी | आश्विन कृष्ण अमांत: भाद्रपद | 19 सितंबर, 7:09 AM से 20 सितंबर, 7:08 AM तक | 8:08 PM |
| 18अक्टूबरसोमवार | वक्रतुंड संकष्टी चतुर्थीकरवा चौथ | कार्तिक कृष्ण अमांत: आश्विन | 18 अक्टूबर, 5:51 PM से 19 अक्टूबर, 4:42 PM तक | 7:35 PM |
| 17नवंबरबुधवार | गणाधिप संकष्टी चतुर्थी | मार्गशीर्ष कृष्ण अमांत: कार्तिक | 17 नवंबर, 3:42 AM से 18 नवंबर, 1:35 AM तक | 8:26 PM |
| 16दिसंबरगुरुवार | अखुरथ संकष्टी चतुर्थी | पौष कृष्ण अमांत: मार्गशीर्ष | 16 दिसंबर, 1:22 PM से 17 दिसंबर, 10:34 AM तक | 8:30 PM |
संकष्टी का व्रत उस दिन रखा जाता है जिस दिन चंद्रोदय के समय चतुर्थी तिथि हो। अगर चतुर्थी किसी भी दिन के चंद्रोदय पर न हो, तो व्रत उस दिन रखा जाता है जिस दिन चतुर्थी शुरू होने के बाद पहला चंद्रोदय हो।
चंद्रोदय का समय शहर के साथ बदलता है; यहाँ दिल्ली का समय दिया गया है। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का अंतर रहता है।
इस दिन इनमें से किसी मंत्र का जाप यहीं, गिनती के साथ कर सकते हैं: 21, 51, 108 या 1008 बार, स्वयं गिनकर या ऑडियो के साथ।
संकष्टी चतुर्थी हर महीने कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को आती है और भगवान गणेश को समर्पित है। संकष्टी का अर्थ है संकट से छुटकारा। व्रत सूर्योदय से चंद्रोदय तक रखा जाता है और चाँद के दर्शन व अर्घ्य के बाद खोला जाता है, इसलिए इस दिन चंद्रोदय का समय सबसे ज़रूरी होता है।
हर महीने की संकष्टी का अपना नाम है। जब संकष्टी मंगलवार को पड़ती है तो उसे अंगारकी संकष्टी कहते हैं। माघ की संकष्टी सकट चौथ और कार्तिक की संकष्टी करवा चौथ के रूप में मनाई जाती है।
अगली संकष्टी चतुर्थी 29 अक्टूबर 2026, गुरुवार को है: वक्रतुंड संकष्टी चतुर्थी। चतुर्थी तिथि 29 अक्टूबर, 1:07 AM से 29 अक्टूबर, 10:10 PM तक रहेगी। चंद्रोदय 8:17 PM पर है।
29 अक्टूबर 2026 की संकष्टी चतुर्थी पर दिल्ली में चंद्रोदय 8:17 PM पर है। दूसरे शहरों में कुछ मिनट का अंतर रहता है।
मंगलवार को पड़ने वाली संकष्टी अंगारकी कहलाती है। अगली अंगारकी संकष्टी 22 जून 2027 को है।
2026 में संकष्टी चतुर्थी 13 बार है; इनमें अधिक मास का एक दिन भी है। आम तौर पर: महीने में एक बार; साल में 12 या 13।
संकष्टी का व्रत उस दिन रखा जाता है जिस दिन चंद्रोदय के समय चतुर्थी तिथि हो। अगर चतुर्थी किसी भी दिन के चंद्रोदय पर न हो, तो व्रत उस दिन रखा जाता है जिस दिन चतुर्थी शुरू होने के बाद पहला चंद्रोदय हो।
आज का पंचांग, त्योहार से एक दिन पहले याद, व्रत ट्रैकर, जप माला और दो मिनट की नित्य पूजा, एक ही जगह।
तारीख़ें खगोलीय गणना से निकाली गई हैं और जगह के अनुसार एक दिन आगे-पीछे हो सकती हैं; व्रत और त्योहार के लिए अपने स्थानीय पंचांग से भी मिलान कर लें।