अगला वार्षिक व्रतआज
सर्वपितृ अमावस्या
आश्विन अमावस्या
- आराध्य
- पितर (सभी पूर्वज)
- तिथि
- 9 अक्टूबर, 9:35 PM से 10 अक्टूबर, 9:19 PM तक
अगला वार्षिक व्रत सर्वपितृ अमावस्या है, जो आज है। उसके बाद शारदीय नवरात्रि (11 अक्टूबर), दुर्गा अष्टमी (महाअष्टमी) (19 अक्टूबर), महा नवमी (19 अक्टूबर)। नीचे साल में एक बार आने वाले सभी व्रत उनकी तिथि और 2026 व 2027 की तारीख़ों के साथ दिए गए हैं।
अगला वार्षिक व्रतआज
आश्विन अमावस्या
भगवान शिव के व्रत।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| महाशिवरात्रि | फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी | 15 फ़रवरी रविवार | 6 मार्च शनिवार |
| सावन सोमवार | सावन के हर सोमवार | तारीख़ें देखें | |
| सोलह सोमवार | लगातार सोलह सोमवार | तारीख़ें देखें | |
सुहाग और शिव-पार्वती से जुड़े व्रत।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| हरियाली तीजराजस्थान आदि | श्रावण शुक्ल तृतीया | 15 अगस्त शनिवार | 4 अगस्त बुधवार |
| कजरी तीजराजस्थान आदि | भाद्रपद कृष्ण तृतीया | 31 अगस्त सोमवार | 20 अगस्त शुक्रवार |
| हरतालिका तीजउत्तर प्रदेश आदि | भाद्रपद शुक्ल तृतीया | 14 सितंबर सोमवार | 3 सितंबर शुक्रवार |
| गणगौरराजस्थान आदि | चैत्र शुक्ल तृतीया | 21 मार्च शनिवार | 9 अप्रैल शुक्रवार |
| मंगला गौरी व्रत | सावन के हर मंगलवार | तारीख़ें देखें | |
| जया पार्वती व्रतगुजरात | आषाढ़ शुक्ल त्रयोदशी से पाँच दिन | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
| गौरी व्रत (मोळाकत)गुजरात | आषाढ़ शुक्ल एकादशी से पूर्णिमा तक | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
| कोकिला व्रत | आषाढ़ पूर्णिमा | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
पति और संतान की लंबी उम्र के लिए रखे जाने वाले व्रत।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| करवा चौथपंजाब आदि | कार्तिक कृष्ण चतुर्थी | 29 अक्टूबर गुरुवार | 18 अक्टूबर सोमवार |
| सकट चौथउत्तर प्रदेश आदि | माघ कृष्ण चतुर्थी | 6 जनवरी मंगलवार | 25 जनवरी सोमवार |
| वट सावित्री व्रतउत्तर प्रदेश आदि | ज्येष्ठ अमावस्या | 16 मई शनिवार | 4 जून शुक्रवार |
| वट पूर्णिमा व्रतमहाराष्ट्र आदि | ज्येष्ठ पूर्णिमा | 29 जून सोमवार | 18 जून शुक्रवार |
| अहोई अष्टमीउत्तर प्रदेश आदि | कार्तिक कृष्ण अष्टमी | 1 नवंबर रविवार | 22 अक्टूबर शुक्रवार |
| जीवित्पुत्रिका व्रत (जितिया)बिहार आदि | आश्विन कृष्ण अष्टमी | 3 अक्टूबर शनिवार | 23 सितंबर गुरुवार |
| हल षष्ठी (हरछठ)उत्तर प्रदेश आदि | भाद्रपद कृष्ण षष्ठी | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
गणेश जी और माता लक्ष्मी के वार्षिक व्रत।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| गणेश चतुर्थीपूरे भारत में आदि | भाद्रपद शुक्ल चतुर्थी | 14 सितंबर सोमवार | 4 सितंबर शनिवार |
| वरलक्ष्मी व्रतकर्नाटक आदि | श्रावण पूर्णिमा से पहले का शुक्रवार | 28 अगस्त शुक्रवार | 13 अगस्त शुक्रवार |
| महालक्ष्मी व्रत | भाद्रपद शुक्ल अष्टमी से आश्विन कृष्ण अष्टमी तक, सोलह दिन | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
| कोजागर पूजापश्चिम बंगाल आदि | आश्विन पूर्णिमा | 25 अक्टूबर रविवार | 14 अक्टूबर गुरुवार |
साल की चार नवरात्रि और देवी के व्रत।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| चैत्र नवरात्रि | चैत्र शुक्ल प्रतिपदा | 19 मार्च गुरुवार | 7 अप्रैल बुधवार |
| शारदीय नवरात्रि | आश्विन शुक्ल प्रतिपदा | 11 अक्टूबर रविवार | 30 सितंबर गुरुवार |
| माघ गुप्त नवरात्रि | माघ शुक्ल प्रतिपदा | 19 जनवरी सोमवार | 7 फ़रवरी रविवार |
| आषाढ़ गुप्त नवरात्रि | आषाढ़ शुक्ल प्रतिपदा | 15 जुलाई बुधवार | 4 जुलाई रविवार |
| दुर्गा अष्टमी (महाअष्टमी) | आश्विन शुक्ल अष्टमी | 19 अक्टूबर सोमवार | 7 अक्टूबर गुरुवार |
| महा नवमी | आश्विन शुक्ल नवमी | 19 अक्टूबर सोमवार | 8 अक्टूबर शुक्रवार |
| शीतला सप्तमीराजस्थान आदि | चैत्र कृष्ण सप्तमी | 10 मार्च मंगलवार | 28 मार्च रविवार |
| शीतला अष्टमी (बसौड़ा)राजस्थान आदि | चैत्र कृष्ण अष्टमी | 11 मार्च बुधवार | 30 मार्च मंगलवार |
| अशोकाष्टमीओडिशा आदि | चैत्र शुक्ल अष्टमी | 26 मार्च गुरुवार | 14 अप्रैल बुधवार |
| ललिता पंचमीमहाराष्ट्र आदि | आश्विन शुक्ल पंचमी | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
जन्मोत्सव और जयंती, जिन पर व्रत रखा जाता है।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| राम नवमी | चैत्र शुक्ल नवमी | 26 मार्च गुरुवार | 15 अप्रैल गुरुवार |
| सीता नवमी | वैशाख शुक्ल नवमी | 25 अप्रैल शनिवार | 14 मई शुक्रवार |
| विवाह पंचमीमिथिला (बिहार और नेपाल का जनकपुर) आदि | मार्गशीर्ष शुक्ल पंचमी | 14 दिसंबर सोमवार | 3 दिसंबर शुक्रवार |
| श्री कृष्ण जन्माष्टमी | भाद्रपद कृष्ण अष्टमी | 4 सितंबर शुक्रवार | 25 अगस्त बुधवार |
| राधा अष्टमी | भाद्रपद शुक्ल अष्टमी | 19 सितंबर शनिवार | 8 सितंबर बुधवार |
| अनंत चतुर्दशी | भाद्रपद शुक्ल चतुर्दशी | 25 सितंबर शुक्रवार | 14 सितंबर मंगलवार |
| नरसिंह जयंती | वैशाख शुक्ल चतुर्दशी | 30 अप्रैल गुरुवार | 18 मई मंगलवार |
| वामन द्वादशी | भाद्रपद शुक्ल द्वादशी | 23 सितंबर बुधवार | 12 सितंबर रविवार |
| परशुराम जयंती | वैशाख शुक्ल तृतीया | 19 अप्रैल रविवार | 8 मई शनिवार |
छठ, रथ सप्तमी और जयंतियाँ।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| छठ पूजाबिहार आदि | कार्तिक शुक्ल षष्ठी | 15 नवंबर रविवार | 4 नवंबर गुरुवार |
| चैती छठबिहार आदि | चैत्र शुक्ल षष्ठी | 24 मार्च मंगलवार | 12 अप्रैल सोमवार |
| रथ सप्तमी | माघ शुक्ल सप्तमी | 25 जनवरी रविवार | 13 फ़रवरी शनिवार |
| हनुमान जयंती | चैत्र पूर्णिमा | 2 अप्रैल गुरुवार | 20 अप्रैल मंगलवार |
| कालभैरव जयंती | मार्गशीर्ष कृष्ण अष्टमी | 1 दिसंबर मंगलवार | 20 नवंबर शनिवार |
| शनि जयंती | ज्येष्ठ अमावस्या | 16 मई शनिवार | 4 जून शुक्रवार |
वे पूर्णिमा और अमावस्या जिनका अपना नाम और महत्व है।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| बुद्ध पूर्णिमा | वैशाख पूर्णिमा | 1 मई शुक्रवार | 20 मई गुरुवार |
| गुरु पूर्णिमा | आषाढ़ पूर्णिमा | 29 जुलाई बुधवार | 18 जुलाई रविवार |
| शरद पूर्णिमा | आश्विन पूर्णिमा | 25 अक्टूबर रविवार | 14 अक्टूबर गुरुवार |
| कार्तिक पूर्णिमा | कार्तिक पूर्णिमा | 24 नवंबर मंगलवार | 14 नवंबर रविवार |
| मौनी अमावस्या | माघ अमावस्या | 18 जनवरी रविवार | 6 फ़रवरी शनिवार |
| हरियाली अमावस्याराजस्थान आदि | श्रावण अमावस्या | 12 अगस्त बुधवार | 2 अगस्त सोमवार |
| पिठोरी अमावस्याउत्तर भारत | भाद्रपद अमावस्या | 11 सितंबर शुक्रवार | 31 अगस्त मंगलवार |
| सर्वपितृ अमावस्या | आश्विन अमावस्या | 10 अक्टूबर शनिवार | 29 सितंबर बुधवार |
ऋषि पंचमी, नाग पंचमी, अक्षय तृतीया और दूसरे।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| अक्षय तृतीया | वैशाख शुक्ल तृतीया | 19 अप्रैल रविवार | 9 मई रविवार |
| नाग पंचमी | श्रावण शुक्ल पंचमी | 17 अगस्त सोमवार | 6 अगस्त शुक्रवार |
| ऋषि पंचमी | भाद्रपद शुक्ल पंचमी | 15 सितंबर मंगलवार | 4 सितंबर शनिवार |
| दूर्वाष्टमीपश्चिम बंगाल आदि | भाद्रपद शुक्ल अष्टमी | 18 सितंबर शुक्रवार | 7 सितंबर मंगलवार |
| महेश नवमीराजस्थान | ज्येष्ठ शुक्ल नवमी | 23 जून मंगलवार | 12 जून शनिवार |
| आँवला नवमी (अक्षय नवमी) | कार्तिक शुक्ल नवमी | 18 नवंबर बुधवार | 7 नवंबर रविवार |
किसी एक प्रदेश या परंपरा में प्रचलित व्रत।
| व्रत | तिथि | 2026 | 2027 |
|---|---|---|---|
| करडैयान नोम्बुतमिलनाडु | जिस दिन सूर्य मीन राशि में जाता है (तमिल मासी महीने का अंत) | 14 मार्च शनिवार | 15 मार्च सोमवार |
| कार्तिगई दीपमतमिलनाडु आदि | तमिल कार्तिगई महीने में जिस शाम चंद्रमा कृत्तिका नक्षत्र में हो | 24 नवंबर मंगलवार | 12 दिसंबर रविवार |
| केदार गौरी व्रततमिलनाडु आदि | दीपावली की अमावस्या को पूरा होने वाला 21 दिन का व्रत | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
| अटला तद्देआंध्र प्रदेश आदि | आश्विन पूर्णिमा के बाद की तृतीया | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
| मानबसा गुरुबारओडिशा | मार्गशीर्ष महीने के हर गुरुवार | तारीख़ें देखें | |
| सुदशा ब्रतओडिशा | जब शुक्ल पक्ष की दशमी गुरुवार को पड़े | तारीख़ परंपरा के अनुसार निकाली जाती है | |
हर व्रत हिन्दू कैलेंडर की एक तय तिथि पर आता है, इसलिए अंग्रेज़ी तारीख़ हर साल बदलती है। तिथि के नाम में महीना उत्तर भारत की पूर्णिमांत गणना का है; कृष्ण पक्ष के व्रत अमांत गणना में एक महीना पहले के नाम से जाने जाते हैं।
जिन व्रतों के आगे तारीख़ नहीं है, उनकी तिथि दी गई है; उनकी तारीख़ें परंपरा के अनुसार अलग-अलग निकाली जाती हैं।
सभी तारीख़ें और समय दिल्ली के लिए भारतीय समय (IST) में हैं। दूसरे शहरों में सूर्योदय और चंद्रोदय का समय अलग होता है, इसलिए कभी-कभी व्रत का दिन भी एक दिन आगे-पीछे हो जाता है; समय में कुछ मिनट का अंतर भी हो सकता है।
अगला वार्षिक व्रत सर्वपितृ अमावस्या है, जो 10 अक्टूबर 2026, शनिवार को है। उसके बाद शारदीय नवरात्रि 11 अक्टूबर 2026 को और दुर्गा अष्टमी (महाअष्टमी) 19 अक्टूबर 2026 को है।
करवा चौथ 29 अक्टूबर 2026, गुरुवार को है। यह कार्तिक कृष्ण चतुर्थी को आता है।
हरतालिका तीज 3 सितंबर 2027, शुक्रवार को है। यह भाद्रपद शुक्ल तृतीया को आता है।
महाशिवरात्रि 6 मार्च 2027, शनिवार को है। यह फाल्गुन कृष्ण चतुर्दशी को आता है।
श्री कृष्ण जन्माष्टमी 25 अगस्त 2027, बुधवार को है। यह भाद्रपद कृष्ण अष्टमी को आता है।
व्रत हिन्दू कैलेंडर की तिथि से तय होते हैं, और यह कैलेंडर चंद्रमा से चलता है। चंद्र वर्ष सौर वर्ष से लगभग 11 दिन छोटा होता है, इसलिए हर साल व्रत की अंग्रेज़ी तारीख़ 10-11 दिन पहले आ जाती है, और लगभग तीन साल में एक अधिक मास जुड़ने पर फिर आगे खिसक जाती है।
आज का पंचांग, त्योहार से एक दिन पहले याद, व्रत ट्रैकर, जप माला और दो मिनट की नित्य पूजा, एक ही जगह।
तारीख़ें खगोलीय गणना से निकाली गई हैं और जगह के अनुसार एक दिन आगे-पीछे हो सकती हैं; व्रत और त्योहार के लिए अपने स्थानीय पंचांग से भी मिलान कर लें।