
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय
Om Namo Bhagavate Vasudevaya

ॐ नमो भगवते वासुदेवाय
Om Namo Bhagavate Vasudevaya
भगवान वासुदेव को नमस्कार।
| शब्द | अर्थ |
|---|---|
| नमो | नमस्कार |
| भगवते | भगवान को |
| वासुदेवाय | वासुदेव, यानी विष्णु और श्री कृष्ण को |
Om Namo Bhagavate Vasudevaya
सबमें बसे भगवान वासुदेव (विष्णु और श्री कृष्ण) को नमन और समर्पण।
एक जगह सीधे बैठें, मंत्र का अर्थ मन में रखें और उसे साफ़, एक-सी गति से दोहराएँ। एक बार पूरा मंत्र बोलने में लगभग 8 सेकंड लगते हैं, इसलिए 108 बार लगभग 14 मिनट का अभ्यास है।
पूरी विधि मंत्र जाप कैसे करें में है।
विष्णु · मंत्र
ॐ नमो नारायणाय
विष्णु · गायत्री मंत्र
ॐ नारायणाय विद्महे वासुदेवाय धीमहि तन्नो विष्णुः प्रचोदयात्
शिव · मंत्र
ॐ नमः शिवाय
शिव · मंत्र
ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्
भगवान वासुदेव को नमस्कार।
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय विष्णु का मंत्र है। सबमें बसे भगवान वासुदेव (विष्णु और श्री कृष्ण) को नमन और समर्पण।
श्रीमद्भागवत का आरंभ इसी मंत्र से होता है, और उसके चौथे स्कंध में देवर्षि नारद बालक ध्रुव को यही बारह अक्षरों का मंत्र देते हैं।
एकादशी, गुरुवार, जन्माष्टमी और कार्तिक मास में।
एक माला यानी 108 बार सबसे प्रचलित है, जिसमें लगभग 14 मिनट लगते हैं। शुरुआत 21 या 51 बार से कर सकते हैं (लगभग 3 मिनट या लगभग 7 मिनट), और विशेष दिन पर 1008 बार।
टैप से या वॉल्यूम बटन से गिनती, 108 मनकों की माला, रोज़ का लक्ष्य और आपकी साधना की प्रगति।