हनुमान जी

हनुमान जी के मंत्र

हनुमान जी के मंत्र साहस, बल और रक्षा की प्रार्थना से जुड़े हैं। इनका जाप मंगलवार, शनिवार और हनुमान जयंती को विशेष रूप से किया जाता है।

गायत्री मंत्र

हनुमान गायत्री मंत्र

ॐ आञ्जनेयाय विद्महे वायुपुत्राय धीमहि तन्नो हनुमत् प्रचोदयात्॥

हम अंजना-पुत्र को जानते हैं, पवन-पुत्र का ध्यान करते हैं; वे हनुमान हमें प्रेरणा दें।

अर्थ और उच्चारणजाप करें

हनुमान जी के व्रत और दिन

हनुमान जी के मंत्र मंगलवार, शनिवार और हनुमान जयंती को विशेष रूप से जपे जाते हैं।

दूसरे देवताओं के मंत्र

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

हनुमान जी के सबसे प्रचलित मंत्र कौन सा है?

ॐ हनुमते नमः हनुमान जी के सबसे ज़्यादा जपे जाने वाले मंत्रों में है। यहाँ हनुमान जी के 2 मंत्र दिए गए हैं: ॐ हनुमते नमः, हनुमान गायत्री मंत्र।

हनुमान जी के मंत्र कब जपें?

हनुमान जी के मंत्र मंगलवार, शनिवार और हनुमान जयंती को विशेष रूप से जपे जाते हैं, पर नाम-जाप और नमन के मंत्र रोज़ किसी भी समय जपे जा सकते हैं।

हनुमान जी के मंत्र का जाप कितनी बार करें?

एक माला यानी 108 बार सबसे प्रचलित है। शुरुआत 21 या 51 बार से की जा सकती है, और विशेष दिन पर 1008 बार। नियमितता गिनती से ज़्यादा मायने रखती है।

जाप माला, साधक ऐप में

टैप से या वॉल्यूम बटन से गिनती, 108 मनकों की माला, रोज़ का लक्ष्य और आपकी साधना की प्रगति।

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